# भारत में रिकार्ड ; एक ही दिन में मिले 26000 हजार से ज्यादा मामले ## भारत में कोरोना का कुल आकड़ा 822,603 # वहीँ 516,206 मरीज ठीक हुए,तो वहीँ 22,144 लोगों की हुई मौत # # भारत विश्व में कोरोना के चपेट में पंहुचा तीसरे नंबर पर ये बढ़ता आकड़ा, डराने वाला है # वही रिकवर मरीजों की संख्या भारत में बेहतर ##

कमरों की कमी, आठ कमरों में पढ़ रहे हैं 730 छात्र ( रमेश तिवारी की रिपोर्ट )

प्रयोगशाला उपकरण जगह की कमी से परेशान छात्र 

राजेंद्रग्राम:-

पुष्पराजगढ़ जनपद अंतर्गत ग्राम भेजरी में संचालित हायरसेकंडरी विद्यालय जिसमें मिडिल स्कूल की कक्षाएं भी संचालित है। मिडिल स्कूल भवन जर्जर एवं क्षतिग्रस्त होने के कारण छात्र हाई स्कूल भवन के तीन कमरों में 252 छात्र-छात्राएं पढ़ रहे हैं। मिडिल स्कूल भवन 2007 में सर्व शिक्षा अभियान अंतर्गत निर्मित कराया गया था जो कई वर्षो से जर्जर है। भवन जर्जर होने के कारण विगत 10 वर्षों से हाई स्कूल में ही मिडिल स्कूल की कक्षाएं संचालित की जा रही है। कमरों की कमी होने के कारण छात्रों की पढ़ाई ठीक ढंग से नहीं हो पा रही है।

कला, विज्ञान, गणित की पढ़ाई एक साथ

हायर सेकंडरी विद्यालय भेजरी जहां नवमी दसवीं ग्यारहवीं बारहवीं की कक्षा में गणित विज्ञान तथा कला संकाय संचालित हैं। वर्तमान समय में 478 छात्र-छात्राएं अध्ययनरत हैं। ऐसे में कमरों की कमी के कारण परेशानियों के बीच विद्यालय का संचालन किया जा रहा है।

प्रयोगशाला लाइब्रेरी अलमारियों में कैद

विद्यालय मे गणित तथा विज्ञान संकाय के विद्यार्थियों के लिए विभाग द्वारा भेजे गए प्रयोगशाला उपकरण लैब के लिए स्वयं का कोई कमरा ना होने के कारण विद्यालय प्रबंधन द्वारा इस कक्ष में विद्यार्थियों को पढ़ाया जा रहा है। साथ ही प्रयोगशाला के उपकरणों को अलमारियों में बंद कर दिए जाने से छात्र-छात्राओं को प्रैक्टिकल से संबंधित जानकारी नहीं मिल पाती है।

नियमित शिक्षकों का अभाव

विद्यालय के कक्षा 11 के छात्र अभिनव चंद्रवंशी ने बताया कि हायर सेकंडरी विद्यालय मे 8 नियमित शिक्षक के पद विभाग द्वारा सृजित किए गए हैं। जबकि विद्यालय में सिर्फ एक नियमित शिक्षक पदस्थ हैं। अतिथि शिक्षक के भरोसे पढ़ाई चल रही है उनकी भी भर्ती प्रक्रिया में देरी की वजह से अगस्त महीने में कक्षाएं प्रारंभ हो पाई हैं। पाठ्यक्रम बिछड़ते जा रहा है साथ ही परीक्षा की तैयारी में विलंब का सामना करना पड़ रहा है।

कक्षा आठवीं की छात्रा कुमारी धनेश्वरी ने बताया की कक्षा 8वी में 88 छात्र-छात्राएं अध्ययनरत हैं। छोटे से कमरे में बैठने की व्यवस्था सभी के लिए नहीं हो पाती है जिसके कारण बरामदे में तथा पीछे खड़े होकर पढ़ना पड़ता है। बरामदे में बैठे बच्चों को शिक्षक अंदर क्लास में जो पढ़ाते हैं समझ में नहीं आता है।

इनका कहना है:-

कमरों की कमी के कारण प्रयोगशाला संचालित नहीं हो पा रही है
इंद्रपाल अहिरवार
प्राचार्य शासकीय हायर सेकंडरी विद्यालय भेजरी

- Advertisement -

Leave A Reply

Your email address will not be published.

WhatsApp chat
WhatsApp chat

ग्रामीण स्ट्रीट वेंडर ऋण योजना: आगे आएं, लाभ उठाएं     |     श्रावण मास का दूसरा सोमवार आज….जाने ख़ास बातें…..     |     भूस्खलन से 10 लोगों की मौत, अब तक कुल 54 की जान गई, 39 लोग अब भी लापता-नेपाल     |     कमलनाथ सरकार में मंत्री रहे निर्दलीय विधायक प्रदीप जायसवाल को खनिज निगम के अध्यक्ष नियुक्त किए गए, मिलेगा कैबिनेट मंत्री का दर्जा मिलेगा…     |     मध्यप्रदेश में मंत्रियों का विभाग बटंवारा, अब किस गुट को मिले वजनदार विभाग…     |     रोज बढ़ रहा संक्रमितों की संख्या, भारत मे कोरोना के मामले का कुल आंकड़ा जा पहुँचा 8,79466 वही 23,187 लोगो की मौत हो चुकी,     |     मास्क न पहनने वाले व्यक्तियों के लिए होगा रोको-टोको कार्यक्रम {अनिल दुबे की रिपोर्ट}     |     संविदाकर्मियों, अतिथि शिक्षकों के नियमितिकरण के लिये कैबिनेट में प्रस्ताव — बिसाहूलाल सिंह.     |     सर्वाधिक मतों से भाजपा जीतेगी अनूपपुर – भगवान दास सबनानी.     |     अमरकंटक कोदो राइस एवं अन्य जैविक उत्पाद विक्रय केंद्र का कैबिनेट मंत्री बिसाहूलाल सिंह ने किया शुभारंभ     |